एशियन गेम्स में नीरज का जलवा देखने को तैयार रहिए, एएफआई ने किया ऐलान
स्टार भारतीय भाला फेंक एथलीट नीरज चोपड़ा सितंबर-अक्टूबर में जापान में होने वाले एशियाई खेलों में हिस्सा लेंगे। भारतीय एथलेटिक्स महासंघ की चयन समिति के अध्यक्ष आदिल सुमारीवाला ने शनिवार को इस बात की पुष्टि की है। 28 वर्षीय और दो बार के ओलंपिक पदक विजेता नीरज चोपड़ा ने हाल ही में चोट से उबरने के बाद वापसी की है।
सितंबर 2025 में टोक्यो विश्व चैंपियनशिप से पहले उन्हें पीठ के निचले हिस्से में चोट लगी थी। इसके बाद उन्होंने इस सीजन की देर से शुरुआत करते हुए दोहा डायमंड लीग में हिस्सा लिया, जहां उन्होंने 85.69 मीटर के अपने सर्वश्रेष्ठ थ्रो के साथ चौथा स्थान हासिल किया।
नीरज ने राष्ट्रमंडल खेलों में अपनी भागीदारी की पुष्टि पहले ही कर दी थी, लेकिन उन्होंने 19 सितंबर से चार अक्टूबर तक आईची-नागोया (जापान) में होने वाले एशियाई खेलों में खेलने को लेकर स्पष्ट रूप से कुछ नहीं कहा था। आदिल सुमारीवाला ने कहा, हां नीरज राष्ट्रमंडल खेल और एशियाई खेल दोनों में भाग लेंगे। वह पहले ही क्वालिफाई कर चुके हैं और अब चोट से उबर रहे हैं।

उन्होंने अपने पहले ही इवेंट में 85.69 मीटर का थ्रो किया, जो कि शानदार है। नीरज ने चीन में हुए पिछले एशियाई खेलों में 88 मीटर (88.88 मीटर) के थ्रो के साथ स्वर्ण पदक जीता था और अब वह पहले ही 86 मीटर के करीब पहुंच चुके हैं। ऐसे में हमें कोई कारण नहीं दिखता कि वह राष्ट्रमंडल और एशियाई खेल दोनों में अच्छा प्रदर्शन क्यों नहीं करेंगे।
एएफआई की चयन समिति द्वारा चल रही राष्ट्रीय अंतर-राज्यीय सीनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप के अंतिम दिन यानी रविवार को एशियाई खेलों के लिए भारतीय टीम की घोषणा किए जाने की उम्मीद है। जापान में नीरज चोपड़ा को कड़ी चुनौती का सामना करना पड़ सकता है।
श्रीलंका के रुमेश थारंगा पाथिरागे ने इस साल 90 मीटर का आंकड़ा पार किया है और दो डायमंड लीग खिताब जीते हैं। वहीं, ओलंपिक चैंपियन नदीम भी इस रेस में शामिल हो सकते हैं, जिससे मुकाबला बेहद प्रतिस्पर्धी हो जाएगा। हालांकि, उन्होंने 19 जून को दोहा डायमंड लीग से अपना नाम वापस ले लिया था।
नीरज चोपड़ा को पहले ही राष्ट्रमंडल खेलों के लिए 32 सदस्यीय भारतीय टीम में शामिल किया जा चुका है। 23 जुलाई से दो अगस्त तक ग्लासगो में होने वाले इन खेलों से पहले नीरज किसी और प्रतियोगिता में भाग लेना चाहते हैं या नहीं, इसका फैसला एएफआई ने पूरी तरह उन पर छोड़ दिया है।
विश्व एथलेटिक्स उपाध्यक्ष सुमारीवाला ने कहा, हमने यह फैसला उन पर छोड़ दिया है। उनकी मेडिकल टीम, उनके कोच और सभी लोग एक साथ बैठकर तय करेंगे कि उनके लिए कौन सी प्रतियोगिताएं सबसे सही रहेगी। मुख्य बात उनका क्वालिफाई करना था, जो उन्होंने कर लिया।



