नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो ने कोकीन सिंडिकेट के खिलाफ चलाया ऑपरेशन व्हाइट स्ट्राइक

संगठित नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ एक बड़ी सफलता में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) ने Operation WHITE STRIKE के तहत एक बड़े अंतरराष्ट्रीय कोकीन तस्करी सिंडिकेट का भंडाफोड़ किया है और मुंबई एवं आसपास के लॉजिस्टिक्स कॉरिडोर से लगभग 349 किलोग्राम उच्च गुणवत्ता वाली कोकीन जब्त की है। इस कोकीन की अवैध बाजार में अनुमानित कीमत लगभग ₹1,745 करोड़ है।
यह High Impact Operation छह महीने से अधिक समय तक NCB द्वारा निरंतर खुफिया जानकारी इकट्ठा करने और निगरानी का परिणाम था।
विशिष्ट और विश्वसनीय सूचनाओं पर कार्रवाई करते हुए NCB की कई टीमों ने कलंबोली-भिवंडी कॉरिडोर (नवी मुंबई – ठाणे क्षेत्र) में समन्वित छापेमारी की और गोदामों की अवसंरचना तथा छिपे हुए परिवहन तंत्र का उपयोग करने वाले एक अत्यधिक संगठित अंतरराष्ट्रीय ड्रग सप्लाई नेटवर्क का भंडाफोड़ किया।
पहली छापेमारी के दौरान, NCB के अधिकारियों ने नवी मुंबई के कलंबोली स्थित KWC वेयरहाउसिंग कॉम्प्लेक्स, सेक्टर KWC के पास मारुति सुजुकी सुपर कैरी (CNG) वाहन (रजिस्ट्रेशन नंबर MH-03-DV-3803) को रोका। वाहन की तलाशी में 136 पैकेट कोकीन बरामद की गई, जिनमें से प्रत्येक पैकेट का वजन लगभग 1 किलोग्राम था। ये पैकेट कार्टनों में छिपाए गए थे, जिनमें कोकीन को क्रिकेट पैड्स और ग्लव्स के अंदर छुपाकर रखा गया था। एक आरोपी को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
लगातार पूछताछ और त्वरित फॉलो-अप कार्रवाई के दौरान आरोपी ने भिवंडी में छिपाई गई एक और बड़ी खेप के बारे में जानकारी दी, जो एक प्रमुख वेयरहाउसिंग हब है। NCB की टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए भिवंडी (जिला ठाणे) के रेहनल गाँव स्थित लक्ष्मण कंपाउंड, रेहनल बस स्टैंड के पास वाले एक गोदाम में दूसरा ऑपरेशन किया। इस छापेमारी में अतिरिक्त 213 पैकेट (प्रत्येक 1 किलोग्राम) कोकीन बरामद की गई।
प्रारंभिक जांच में पता चला है कि इस प्रतिबंधित पदार्थ को भारत में आयात की गई एक मशीन की अंदरूनी cavity (खोखले हिस्से) में छिपाकर लाया गया था। प्रत्येक पैकेट को 9 परतों वाली अलग-अलग प्रकार की पॉलीथीन में पैक किया गया था, जिसमें एक परत ब्लैक ग्रीसी पदार्थ की भी थी। भिवंडी के वेयरहाउसिंग इकोसिस्टम का उपयोग दर्शाता है कि यह एक सुव्यवस्थित लॉजिस्टिक्स चेन थी, जिसमें मशीनरी के साथ कोकीन छिपाकर आयात करना, वेयरहाउस में कोकीन पैकेट्स का भंडारण और निकासी तथा नशीले पदार्थों की डाउनस्ट्रीम सप्लाई शामिल थी।
किंगपिन, हैंडलर्स, फाइनेंसर और जिन तक ये खेप पहुँचने वाली थी, उन्हें गिरफ्तार करने के लिए गहन जांच चल रही है। यह जब्ती इसलिए बेहद महत्वपूर्ण है क्योंकि भारत में औसतन हर साल केवल 200-300 किलोग्राम कोकीन ही जब्त की जाती है।



