भवानी देवी ने थामा विजयी भारत फाउंडेशन का हाथ, एशियन गेम्स पर नजर
सैबर तलवारबाज सी.ए. भवानी देवी एशियन गेम्स 2026 से पहले विजयी भारत फाउंडेशन में शामिल हो गई हैं। वह वीबीएफ के उच्च-प्रदर्शन तलवारबाजी कार्यक्रम का हिस्सा होंगी।
भवानी देवी टोक्यो 2020 ओलंपिक के लिए क्वालीफाई करने वाली भारत की पहली तलवारबाज बनी थीं। टोक्यो ओलंपिक में भवानी का प्रदर्शन भी शानदार रहा था और उन्होंने अपने खेल से खूब सुर्खियां बटोरी थीं। महिलाओं के व्यक्तिगत इवेंट में उन्होंने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए राउंड ऑफ-32 तक का सफर तय किया।
राउंड ऑफ-64 में उन्होंने ट्यूनीशिया की नादिया बेन अजीजी को एकतरफा मुकाबले में 15-3 से हराया। हालांकि, राउंड ऑफ-32 में उन्हें फ्रांस की मानोन ब्रुनेट के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा।

भवानी ने अपने करियर में कई उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। साल 2018 में आयोजित कॉमनवेल्थ फेंसिंग चैंपियनशिप में उन्होंने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक जीता था। इसके बाद 2022 में भी उन्होंने इस उपलब्धि को दोहराते हुए एक बार फिर गोल्ड मेडल अपने नाम किया। वहीं, 2023 में आयोजित एशियन चैंपियनशिप में उन्होंने कांस्य पदक जीतकर भारत का गौरव बढ़ाया।
वीबीएफ में उनके शामिल होने से संस्था को ग्लोबल फेंसिंग सर्किट का उनका बेजोड़ अनुभव मिलेगा, जिसका लाभ वीबीएफ की टैलेंट पाइपलाइन में शामिल युवा फेंसर्स को भी मिलेगा।
इस साझेदारी पर भवानी देवी ने कहा, “मैं विजयी भारत फाउंडेशन और उनकी टीम से जुड़कर बहुत खुश हूं। मैं उनके खेल विकास कार्यक्रम, खासकर फेंसिंग के बारे में बहुत अच्छी खबरों को फॉलो कर रही हूं। मैं उनके सपोर्ट से आने वाले एक रोमांचक सीजन का इंतजार कर रही हूं।”
भवानी ने हाल ही में दिल्ली में आयोजित एशियन सीनियर फेंसिंग चैंपियनशिप 2026 में हिस्सा लिया था, जिसमें विजयी भारत फाउंडेशन के सात फेंसर्स भी शामिल थे। भवानी देवी के ओलंपिक तक पहुंचने के सफर ने भारत में तलवारबाजी को नई पहचान दिलाई है और इस खेल के प्रति लोगों की रुचि भी बढ़ाई है। वह राष्ट्रीय स्तर पर नौ बार चैंपियन रह चुकी हैं। उनके उत्कृष्ट योगदान को देखते हुए भारत सरकार ने वर्ष 2021 में उन्हें प्रतिष्ठित अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया था।



