भारत के चाय के आयात के नए नियम से प्रभावित होंगे नेपाली निर्यातक

भारत ने चाय के आयात को लेकर नये नियम बनाए हैं जो 1 मई से लागू होने वाले हैं। इस नये नियम से लेकर नेपाली निर्यातकों की नींद उड़ गई है। नेपाल के चाय निर्यातकों ने चेतावनी दी है कि भारत के इस फैसले के बाद नेपाल से विदेशी मुद्रा कमाने वाले प्रमुख क्षेत्रों में भारी रूकावट आ सकती है। दरअसल टी बोर्ड इंडिया ने एक नई अधिसूचना जारी की है जिसके मुताबिक 1 मई से भारत आने वाली चाय की सभी खेपों की सख्त जांच की जाएगी जिसमें नेपाल चाय की जांच भी शामिल है। सरकार ने किसी भी देश से आने वाले चाय की सख्त लैब टेस्ट के आदेश दिए हैं जिसका मकसद मिलावट को रोकने और चाय की क्वालिटी को सुनिश्चित करना है।
जो नोटिफिकेशन जारी किया गया है उसके स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) के तहत आयात की गई हर खेप की सैंपलिंग और टेस्टिंग की जाएगी। हालांकि इंस्टेंट टी और पीने के लिए तैयार चाय (रेडी-टू-ड्रिंक टी) को इससे छूट दी गई है। माना जा रहा है कि दार्जिलिंग के चाय उत्पादकों की लंबे समय से चली आ रही मांग को माना गया है। वो लंबे समय से शिकायत कर रहे थे कि नेपाल की सस्ती चाय को ‘दार्जिलिंग टी’ बताकर बेचा जा रहा है जिससे उनका बाजार गिर रहा है। भारत के इस कड़े रुख को उसी ‘ब्रांड सुरक्षा’ से जोड़कर देखा जा रहा है।



