पूर्वोत्तर में क्रिकेट क्रांति: पीएम मोदी ने किया 6 अत्याधुनिक इंडोर अकादमियों का उद्घाटन
प्रधानमंत्री मोदी ने मंगलवार को पूर्वोत्तर भारत में छह अत्याधुनिक इंडोर क्रिकेट अकादमियों का उद्घाटन किया। ये अकादमियां क्षेत्र में क्रिकेट बुनियादी ढांचे के विस्तार के लिए बीसीसीआई के कार्यक्रम का हिस्सा हैं। ये अकादमियां रंगपो (सिक्किम), दोइमुख (अरुणाचल प्रदेश), इंफाल (मणिपुर), मदनकुरक्लांग (मेघालय), आइजोल (मिजोरम) और दीमापुर (नगालैंड) में स्थापित की गई हैं।
बीसीसीआई ने प्रेस विज्ञप्ति में बताया, “माननीय प्रधानमंत्री ने सिक्किम के गंगटोक में आयोजित एक राजकीय समारोह के दौरान इन सुविधाओं का वर्चुअल माध्यम से उद्घाटन किया। यह कदम खेल के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और पूर्वोत्तर क्षेत्र की अपार खेल क्षमता को सामने लाने की दिशा में महत्वपूर्ण है।”
उद्घाटन समारोह में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) के चेयरमैन जय शाह और बीसीसीआई के पदाधिकारी मौजूद थे, जबकि पूर्वोत्तर के अन्य पांच राज्यों के प्रशासक वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए इस कार्यक्रम से जुड़े।

बीसीसीआई ने कहा, “इस परियोजना की परिकल्पना बीसीसीआई द्वारा की गई थी और इसे जय शाह के नेतृत्व में आगे बढ़ाया गया। उन्होंने अपने सचिव कार्यकाल के दौरान इस पर विशेष ध्यान दिया, जिसका उद्देश्य उभरते क्षेत्रों में क्रिकेट के पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करना था।”
उन्होंने आगे बताया, “इन अकादमियों की आधारशिला मई 2024 में शाह द्वारा रखी गई थी। इसके साथ ही पूर्वोत्तर क्षेत्र में विश्व स्तरीय क्रिकेट बुनियादी ढांचा विकसित करने के लिए एक सुनियोजित प्रयास की शुरुआत हुई।” इन अकादमियों को हाई परफॉर्मेंस सेंटर के रूप में तैयार किया गया है। इनमें इंडोर अभ्यास पिच, अत्याधुनिक जिम, तापमान-नियंत्रित स्विमिंग पूल और प्रशासन व प्रशिक्षण के लिए अलग-अलग ब्लॉक बनाए गए हैं।
🚨 News 🚨
BCCI marks a significant milestone in the expansion of cricketing infrastructure with the inauguration of six state-of-the-art Indoor Cricket Academies across North-East India by the Honourable Prime Minister of India, Shri Narendra Modi.
Details 🔽…
— BCCI (@BCCI) April 28, 2026
ये सुविधाएं खिलाड़ियों को पूरे साल प्रशिक्षण का अवसर प्रदान करेंगी। इससे विशेष रूप से इस क्षेत्र में लंबे मॉनसून के कारण आने वाली चुनौतियों से निपटने में मदद मिलेगी। साथ ही खिलाड़ियों को पेशेवर प्रशिक्षण के लिए देश के अन्य हिस्सों में जाने की आवश्यकता भी काफी हद तक कम हो जाएगी।
बीसीसीआई अध्यक्ष मिथुन मन्हास ने कहा, “यह पहल क्रिकेट के बुनियादी ढांचे को हर क्षेत्र तक पहुंचाने और इस खेल के लिए एक मजबूत तथा अधिक समावेशी नींव बनाने के हमारे स्पष्ट इरादे को दर्शाती है।” उन्होंने यह भी कहा, “यह कदम इस दिशा में भी महत्वपूर्ण है कि पूर्वोत्तर के उभरते क्रिकेटरों को देश के अन्य हिस्सों की तरह ही उच्च स्तरीय सुविधाएं मिल सकें।”
देवजीत सैकिया ने कहा, “मुझे पूरा विश्वास है कि इससे पूर्वोत्तर के और खिलाड़ियों के लिए खेल के सर्वोच्च स्तर तक पहुंचने का मार्ग खुलेगा।” वहीं उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने कहा, “अब हमारा ध्यान ऐसे अवसर और रास्ते बनाने पर होगा, जिनसे यह प्रतिभा सर्वोच्च स्तर पर और अधिक निखर सके।”



