Trending

9 अप्रैल 2023 का वो नायक, जो आज रनों के लिए जूझ रहा है: रिंकू सिंह की अनकही कहानी

आईपीएल 2023 में 9 अप्रैल को अहमदाबाद में गुजरात टाइटंस और कोलकाता नाइट राइडर्स के बीच मैच खेला गया था। इस मैच ने भारतीय क्रिकेट को रिंकू सिंह के रूप में एक बड़ा सितारा दिया था, जिनका प्रदर्शन आजकल उतार-चढ़ाव से गुजर रहा है।

पहले उस 9 अप्रैल वाले मुकाबले को फिर से याद कर लेते हैं। 205 रन के लक्ष्य का पीछा कर रही केकेआर को आखिरी ओवर में जीत के लिए 29 रन चाहिए थे। क्रीज पर रिंकू सिंह 18 रन और उमेश यादव 4 रन बनाकर मौजूद थे।

उस स्थिति में आखिरी ओवर में इतने रन बनाकर किसी टीम के जीतने की संभावना लगभग नामुमकिन मानी जा रही थी, इसलिए केकेआर लगभग हार मान चुकी थी। लेकिन उस मैच के अंतिम ओवर में जो हुआ, वह क्रिकेट इतिहास की सबसे रोमांचक और यादगार घटनाओं में दर्ज हो गया।

साभार : गूगल

जीटी की तरफ से गेंदबाजी करने आए यश दयाल की पहली गेंद पर उमेश यादव ने एक रन लेकर स्ट्राइक रिंकू सिंह को दे दी। इसके बाद रिंकू ने लगातार 5 छक्के जड़ते हुए केकेआर को अविश्वसनीय जीत दिला दी। क्रिकेट इतिहास में यह पहली बार हुआ था जब किसी बल्लेबाज ने लगातार 5 छक्के लगाकर अपनी टीम को जीत दिलाई हो। रिंकू सिंह 21 गेंदों पर 48 रन बनाकर नाबाद लौटे।

इस मैच के बाद रिंकू सिंह सिर्फ केकेआर ही नहीं, बल्कि पूरे भारतीय क्रिकेट के सबसे प्रतिभाशाली और भरोसेमंद चेहरों में शामिल हो गए। इसके बाद उन्हें भारतीय क्रिकेट टीम में भी मौका मिला।

टीम इंडिया के लिए भी उनका प्रदर्शन कई मौकों पर प्रभावशाली रहा और एक फिनिशर के रूप में उन्होंने कई उपयोगी पारियां खेलीं। हालांकि, वह भारतीय टीम में लगातार जगह बनाए रखने में सफल नहीं रहे और अंदर-बाहर होते रहे।

टी20 विश्व कप 2026 जीतने वाली भारतीय टीम का हिस्सा रहे रिंकू का टूर्नामेंट की शुरुआत में प्रदर्शन उतना अच्छा नहीं रहा था, जिसके चलते उनकी जगह संजू सैमसन को टीम में शामिल किया गया था। केकेआर ने हमेशा रिंकू सिंह में अपना भविष्य देखा। टीम ने श्रेयस अय्यर, शुभमन गिल, वेंकटेश अय्यर जैसे खिलाड़ियों को जाने दिया, लेकिन आईपीएल 2025 में उन्हें 13 करोड़ रुपये देकर टीम में बनाए रखा।

9 अप्रैल 2023 को रातों-रात सुपरस्टार बने रिंकू सिंह का प्रदर्शन बाद के समय में लगातार गिरता दिखाई दिया है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में रनों के लिए संघर्ष करने के बाद, वह आईपीएल में भी रन बनाने के लिए जूझते नजर आए हैं।

आईपीएल 2025 के 13 मैचों की 11 पारियों में उन्होंने 206 रन बनाए, जबकि आईपीएल 2026 के 6 मैचों की 5 पारियों में केवल 79 रन ही बना सके। उनका औसत 19.75 रहा है। चाहे उन्हें चौथे नंबर पर भेजा जाए या छठे नंबर पर, रन नहीं बन पा रहे हैं। रिंकू सिंह की फॉर्म में आई यह गिरावट केकेआर प्रबंधन और भारतीय क्रिकेट फैंस दोनों के लिए चिंता का विषय बन गई है और इससे उनके भविष्य को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।

रिंकू सिंह को केकेआर के मध्यक्रम का सबसे मजबूत बल्लेबाज माना जा रहा था और उन्हें ऐसे फिनिशर के रूप में देखा जाता था जिसके लिए कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है। लेकिन अब उन्होंने अपने प्रदर्शन से न सिर्फ टीम के लिए मुश्किलें खड़ी की हैं, बल्कि अपनी स्थिति भी कठिन कर ली है।

केकेआर ने इस सीजन की शुरुआत में उन्हें उपकप्तान बनाया था, लेकिन जिस तरह का प्रदर्शन टीम और रिंकू दोनों का रहा है, अगर उसमें सुधार नहीं हुआ तो अगले सीजन में केकेआर में बड़े बदलाव तय माने जा रहे हैं और उसमें रिंकू सिंह की टीम से छुट्टी भी हो सकती है।

यह भी बता दें कि रिंकू सिंह 2018 से केकेआर के साथ जुड़े हुए हैं। 2023 में हीरो बने यह बाएं हाथ के विस्फोटक बल्लेबाज फिलहाल लगातार असफलताओं के बाद कठिन दौर से गुजर रहे हैं। रिंकू को अपनी पुरानी प्रतिष्ठा फिर से हासिल करने के लिए कड़ी मेहनत करनी होगी।

Related Articles

Back to top button