फ्लेमिंग युग का आगाज, ओली रोबिन्सन बोले- बदलाव रोमांचक, जीत पर रहेगा फोकस
इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड ने न्यूजीलैंड के पूर्व कप्तान स्टीफन फ्लेमिंग को अपना नया टेस्ट हेड कोच नियुक्त किया है। फ्लेमिंग की नियुक्ति को लेकर इंग्लैंड के तेज गेंदबाज ओली रोबिन्सन ने कहा कि उन्होंने उनके बारे में काफी अच्छी बातें सुनी हैं और वह उनके साथ काम करने को लेकर उत्साहित हैं।
टेस्ट क्रिकेट में खराब दौर से गुजर रही इंग्लैंड टीम को फिर से जीत की राह पर लाने की जिम्मेदारी अब फ्लेमिंग के कंधों पर होगी। हाल ही में बेन स्टोक्स ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा की थी, जिसके बाद जो रूट को इंग्लैंड का नया टेस्ट कप्तान बनाया गया। वहीं, ब्रेंडन मैकुलम को टेस्ट टीम के हेड कोच पद से हटाया गया। इंग्लैंड को हाल ही में न्यूजीलैंड के खिलाफ तीन मैचों की टेस्ट सीरीज में 2-1 से हार का सामना करना पड़ा था।
रोबिन्सन ने एक बातचीत में कहा, “किसी नए व्यक्ति का आना हमेशा कुछ नया और दिलचस्प होता है। मैं स्टीफन फ्लेमिंग से कभी मिला नहीं हूं, लेकिन मैंने उनके बारे में अच्छी बातें सुनी हैं। इसी वजह से यह देखना दिलचस्प होगा कि वह किस तरह की रणनीति अपनाते हैं। यह रोमांचक होगा।”

उन्होंने आगे कहा, “जब भी कोई बदलाव होता है, तो यह देखना हमेशा रोमांचक होता है कि चीजें कैसी होंगी और ग्रुप कैसे आगे बढ़ेगा। आखिरकार, मकसद क्रिकेट मैच जीतना ही होता है। मुझे लगता है कि शायद हम उस मकसद से थोड़ा भटक गए थे, लेकिन मैकुलम और बेन के साथ खेलना बहुत मजेदार और सुखद था।”
रोबिन्सन ने कहा, “दुख की बात है कि वह दौर खत्म हो गया, लेकिन मैं उत्साहित हूं कि कोई नया व्यक्ति आ रहा है।” 19 अगस्त से पाकिस्तान के खिलाफ शुरू होने वाली टेस्ट सीरीज में वापसी की उम्मीद कर रहे रोबिन्सन ने स्वीकार किया कि स्टोक्स के अचानक संन्यास के फैसले से ड्रेसिंग रूम के सभी खिलाड़ी हैरान रह गए थे।
उन्होंने कहा, “मुझे लगता है कि जब उन्होंने रिटायरमेंट लिया तो हम सभी सचमुच थोड़े हैरान थे। मुझे बहुत दुख हुआ क्योंकि मुझे उनकी कप्तानी में और उनके साथ खेलना बहुत पसंद था। और अब ब्रेंडन मैकुलम भी चले गए हैं।”
रोबिन्सन ने आगे कहा, “जाहिर है कि उन्होंने कहा कि उन्हें मनचाहे नतीजे नहीं मिले, लेकिन उन दोनों के नेतृत्व में खेलना बहुत शानदार अनुभव था। यह अफसोस की बात है, लेकिन मुझे लगता है कि इंग्लिश क्रिकेट में ऐसा होता रहता है। मेरी पहली एशेज सीरीज़ क्रिस सिल्वरवुड की आखिरी सीरीज थी (2021-22 में कोच के तौर पर)। ऐसे दौर आते हैं जब बदलाव होता है और आप फिर से नई शुरुआत करते हैं।”
रोबिन्सन ने जून में लॉर्ड्स टेस्ट में सात विकेट लेकर शानदार वापसी की थी, लेकिन घुटने में दर्द के कारण वह अगले दो टेस्ट मैच नहीं खेल सके। अब वह पाकिस्तान सीरीज से पहले अपनी फिटनेस बेहतर बनाने के लिए इंग्लैंड की मेडिकल टीम और क्रिकेट डायरेक्टर रॉब की के साथ मिलकर काम कर रहे हैं।
उन्होंने कहा, “सीजन की शुरुआत में मुझे उम्मीद नहीं थी कि मैं इंग्लैंड की टीम में वापस आ पाऊंगा। मुझे पता था कि अपनी मनचाही स्थिति में पहुंचने के लिए मुझे थोड़ी मेहनत करनी होगी, इसलिए मैंने अपनी फिटनेस और मजबूती पर काम करने के लिए चार हफ्ते का समय लिया। इसमें काफी दौड़ना और बाइक सेशन शामिल थे। मैं इस पर इंग्लैंड के साथ मिलकर काम कर रहा हूं।”
तेज गेंदबाज ने आगे कहा, “उन्होंने मेरे लिए एक प्रोग्राम और शेड्यूल तय किया है। यह अच्छा रहा है। पिछले कुछ हफ्तों में रॉब के साथ मेरी अच्छी बातचीत हुई है। मुझे बस पाकिस्तान सीरीज के लिए खुद को सबसे अच्छी फिजिकल कंडीशन में लाना है और उम्मीद है कि मेरा चयन हो जाएगा। लॉर्ड्स वाला मैच जबरदस्त था।”
उन्होंने अंत में कहा, “सच कहूं तो वापसी के लिए वह एकदम सही पिच थी। मुझे लगता है कि वहां किस्मत ने भी मेरा थोड़ा साथ दिया, लेकिन वापसी करके बहुत अच्छा लगा। हालांकि पर्दे के पीछे कुछ चीजें चल रही हैं, लेकिन मेरा ध्यान बस खुद को जितना हो सके उतना फिट रखने और अगर मौका मिले तो सिलेक्शन के लिए तैयार रहने पर है।”



