‘पहले तारों पर कपड़े सूखाए जाते थे’, बिजली पर राजनीति को लेकर सीएम योगी बोले- ‘जिनकी सरकार में बिजली आती नहीं थी वो सवाल कर रहें’

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में नगर निगम के महापौर और पार्षदों के तीन साल पूरे होने पर आयोजित कार्यक्रम में विपक्षी दलों पर जमकर निशाना साधा। सीएम योगी ने बिजली संकट को लेकर सरकार को घेर रहे विपक्ष पर तंज कसते हुए कहा कि पिछली सरकारों में बिजली आती ही नहीं थी और लोग बिजली के तारों पर कपड़े सुखाते थे।
इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री ने भारत माता की जय और हर-हर महादेव के जयघोष के साथ अपने संबोधन की शुरुआत की। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता जानती है कि पहले बिजली व्यवस्था की क्या हालत थी, लेकिन अब विपक्ष बिजली संकट का मुद्दा बनाकर राजनीति कर रहा है।
“बिजली संकट वैश्विक समस्या”
मुख्यमंत्री ने कहा कि बिजली संकट केवल उत्तर प्रदेश की नहीं, बल्कि पूरी दुनिया की चुनौती है। उन्होंने अमेरिका और ईरान के बीच तनाव का जिक्र करते हुए कहा कि वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति प्रभावित होने से कई देशों में दिक्कतें बढ़ी हैं।
योगी आदित्यनाथ ने लोगों से बिजली बचाने की अपील करते हुए कहा कि जरूरत के अनुसार ही बिजली का उपयोग करें और अनावश्यक रूप से स्ट्रीट लाइट या अन्य उपकरण चालू न रखें।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 से पहले प्रदेश में मात्र छह हजार मेगावाट बिजली उत्पादन होता था, जबकि अब यह बढ़कर 13 हजार मेगावाट तक पहुंच चुका है। सरकार ने बिजली व्यवस्था में व्यापक सुधार किए हैं।
“हमने गड्ढे भरे और कूड़ेदान साफ किए”
मुख्यमंत्री ने पूर्ववर्ती सरकारों पर हमला बोलते हुए कहा कि उनकी सरकार ने प्रदेश के “गड्ढों” को भरने और “कूड़ेदानों” को साफ करने का काम किया है। अब लक्ष्य स्वच्छ, सुव्यवस्थित और आधुनिक राजधानी तैयार करना है।
उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों के एजेंडे में न युवा थे, न महिलाएं, न गरीब और न किसान। योजनाओं का लाभ केवल कुछ खास परिवारों तक सीमित था। वर्तमान सरकार ने 65 लाख गरीबों को आवास उपलब्ध कराए हैं।
413 करोड़ की परियोजनाओं का लोकार्पण
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने स्वच्छ-सुंदर-समर्थ लखनऊ अभियान के तहत नगर निगम की 413 करोड़ रुपये लागत वाली 342 जनकल्याणकारी परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया।
इससे पहले सुषमा खर्कवाल ने नगर निगम द्वारा पिछले तीन वर्षों में किए गए विकास कार्यों का ब्यौरा प्रस्तुत किया।
नगर विकास मंत्री और वित्त मंत्री ने भी साधा विपक्ष पर निशाना
एके शर्मा ने कहा कि वर्ष 2017 से पहले केंद्र सरकार विकास कार्यों के लिए धन देना चाहती थी, लेकिन तत्कालीन राज्य सरकार उसे लेने के लिए तैयार नहीं थी। अब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में तेजी से विकास कार्य हो रहे हैं।
उन्होंने बताया कि राजधानी में प्रतिदिन 2100 टन कूड़े का निस्तारण किया जा रहा है और शिवरी प्लांट से 18 लाख मीट्रिक टन कूड़ा हटाया जा चुका है।
वहीं सुरेश खन्ना ने कहा कि प्रदेश तेजी से शहरीकरण की दिशा में आगे बढ़ रहा है और मुख्यमंत्री की प्रेरणा से सात नई मेट्रो सिटी विकसित की जा रही हैं।
“ढाई करोड़ की गाड़ी वाले गमले चोरी करते थे”
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में राष्ट्र प्रेरणा स्थल से गमले चोरी होने की घटना का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि ढाई करोड़ रुपये की गाड़ी से चलने वाले लोग 45 रुपये के गमले चोरी करते नजर आए थे।
उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि ऐसे लोगों की तस्वीरें हर चौराहे पर लगाई जानी चाहिए थीं।
कार्यक्रम में परिवहन राज्य मंत्री दयाशंकर सिंह, राज्यसभा सदस्य बृजलाल, विधायक ओपी श्रीवास्तव, योगेश शुक्ला, विधान परिषद सदस्य डॉ. लालजी प्रसाद निर्मल, मुकेश शर्मा, भाजपा नेता डॉ. नीरज सिंह, नगर आयुक्त गौरव कुमार समेत बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।



