जम्मू-कश्मीर को केंद्र से मिली विकास की बड़ी सौगात

जम्मू-कश्मीर के ग्रामीण बुनियादी ढांचे, महिला सशक्तिकरण और कृषि-आधारित समृद्धि को आज बड़ा बल मिला, जब केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने श्रीनगर के SKICC में आयोजित महत्वपूर्ण कार्यक्रम में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY)-IV (बैच-II) के तहत जम्मू-कश्मीर के लिए स्वीकृत परियोजनाओं का पत्र मुख्यमंत्री श्री उमर अब्दुल्ला को मंच पर ही सौंपा, साथ ही DAY-NRLM के तहत 24 राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के लिए 4568.23 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सैंक्शन की।
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने अपने संबोधन में साफ कहा कि वे किसी औपचारिकता या पद के अहंकार के साथ नहीं, बल्कि सेवक भाव से जम्मू-कश्मीर आए हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में केंद्र सरकार केवल सड़कें नहीं, बल्कि दिल से दिल जोड़ने आई है, और जम्मू-कश्मीर के विकास के लिए “दिल के द्वार भी खुले हैं और दिल्ली के द्वार भी खुले हैं।” उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि PMGSY-IV के पहले चरण की स्वीकृति सबसे पहले जम्मू-कश्मीर को दी गई और दूसरे चरण में भी राज्य को प्राथमिकता मिली, जो केंद्र की प्रतिबद्धता का स्पष्ट प्रमाण है।
श्री चौहान ने कहा कि एक ही वर्ष में जम्मू-कश्मीर के लिए लगभग 8,000 करोड़ रुपये की सड़कों की स्वीकृति अपने आप में ऐतिहासिक उपलब्धि है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जैसे-जैसे स्वीकृत सड़कों का निर्माण आगे बढ़ेगा, वैसे-वैसे शेष आवश्यक मार्गों पर भी केंद्र सरकार सकारात्मक निर्णय लेगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि लक्ष्य केवल सड़क निर्माण नहीं, बल्कि हर गांव, हर बस्ती और हर दूरस्थ आबादी को विकास की मुख्यधारा से जोड़ना है, क्योंकि सड़कें स्कूल, अस्पताल, बाजार और अवसरों को लोगों के और करीब लाती हैं।
महिला सशक्तिकरण पर जोर देते हुए केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि DAY-NRLM के तहत 24 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की महिला स्वयं सहायता समूहों के लिए 4568.23 करोड़ रुपये से अधिक की मदर सैंक्शन जारी की गई है। उन्होंने जम्मू-कश्मीर की महिलाओं को संबोधित करते हुए कहा कि अब लक्ष्य केवल “लखपति दीदी” बनाना नहीं, बल्कि उन्हें और अधिक सशक्त उद्यमी बनाना है। कार्यक्रम में शिवराज सिंह चौहान और उमर अब्दुल्ला ने लखपति दीदियों का सम्मान भी किया।



