नशा तस्करों के लाइसेंस, पासपोर्ट और आधार होंगे रद्द: जम्मू-कश्मीर के एल-जी मनोज सिन्हा

जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल (एल-जी) मनोज सिन्हा ने शनिवार (11 अप्रैल, 2026) को केंद्र शासित प्रदेश में नशीले पदार्थों की तस्करी में शामिल व्यक्तियों के खिलाफ लाइसेंस, पासपोर्ट और आधार रद्द करने जैसे कड़े कदम उठाने की घोषणा की है। जम्मू और कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने 11 अप्रैल, 2026 को जम्मू में ‘नशा मुक्त जम्मू-कश्मीर’ पदयात्रा के शुभारंभ समारोह के दौरान सभा को संबोधित करते हुए ये बात कही। श्री सिन्हा ने कहा, “नशा तस्करों की संपत्तियाँ ज़ब्त की जाएंगी, सरगनाओं पर मुकदमा चलाया जाएगा और सजा तेजी से दी जाएगी। प्रशासन इसमें शामिल सभी लोगों की संपत्तियाँ कुर्क करेगा, उनके लाइसेंस, पासपोर्ट और [Aadhaar Redacted] रद्द करेगा और बैंक खाते फ्रीज कर देगा। नशा तस्करों के खिलाफ यह कार्रवाई आने वाली पीढ़ियों तक याद रखी जाएगी।” उन्होंने आगे कहा, “जो लोग समाज को नष्ट कर रहे हैं, उन्हें कानून के पूर्ण और बिना किसी समझौते वाले प्रहार का सामना करना पड़ेगा।”
मौलाना आजाद स्टेडियम में उपराज्यपाल ने विशाल जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि यह केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि पूरे केंद्र शासित प्रदेश के हर गांव, कस्बे, शहर और घर तक पहुंचने वाला संकल्प है। उन्होंने कहा कि आने वाले तीन महीने इस अभियान के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं और इसे छह चरणों, जागरूकता अभियान, युवा केंद्रित कार्यक्रम, सामुदायिक सहभागिता, सख्त प्रवर्तन, पुनर्वास और मूल्यांकन के तहत आगे बढ़ाया जाएगा।
उन्होंने जोर देकर कहा कि नशा मुक्ति केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के हर वर्ग की भागीदारी से ही संभव है। उन्होंने कहा कि हम यह सुनिश्चित करेंगे कि कोई भी युवा, परिवार या सपना नशे की अंधेरी खाई में न गिरे। आंकड़ों के पीछे हर एक व्यक्ति की पीड़ा और परिवार की कहानी छिपी होती है।
उपराज्यपाल ने नशे को जम्मू-कश्मीर की सबसे गंभीर चुनौतियों में से एक बताते हुए कहा कि इस समस्या से निपटने के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे इस अभियान को जनांदोलन का रूप दें, ताकि हर व्यक्ति इस मुद्दे को समझे और अपनी जिम्मेदारी निभाए।



