आईएसएल 2026-27: होम एंड अवे फॉर्मेट की वापसी, 4 सितंबर से होगी शुरुआत
इंडियन सुपर लीग 2026-27 सीजन अपने पुराने होम एंड अवे प्रारूप में लौटेगा। नए सीजन में सभी टीमें अपने घरेलू और बाहर के मुकाबले खेलेंगी, जिसके बाद नॉकआउट चरण आयोजित होगा। ऑल इंडिया फुटबॉल फेडरेशन ने बुधवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसकी आधिकारिक घोषणा की।
इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में एआईएफएफ के अधिकारियों के साथ एफसी गोवा, नॉर्थईस्ट यूनाइटेड एफसी और स्पोर्टिंग क्लब दिल्ली के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे। पिछले सीजन में एआईएफएफ की प्रशासनिक और वित्तीय चुनौतियों के कारण लीग की शुरुआत में देरी हुई थी, जिसके चलते प्रतियोगिता को केवल राउंड-रॉबिन प्रारूप में आयोजित किया गया था।
एफसी गोवा के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) रवि पुस्कुर ने कहा, इस बार हमें पूरा सीजन मिलेगा, जिसमें हर टीम अपने सभी घरेलू और बाहर के मुकाबले खेलेगी। पिछले साल की तरह संक्षिप्त प्रारूप नहीं रहेगा। हम एआईएफएफ के साथ मिलकर काम करने को उत्सुक हैं ताकि लीग को पहले से भी अधिक सफल बनाया जा सके।

नई व्यवस्था के तहत आईएसएल के व्यावसायिक अधिकार क्लबों के पास होंगे, जबकि एआईएफएफ प्रशासनिक नियंत्रण और प्रमुख संचालन संबंधी जिम्मेदारियां अपने पास रखेगा। एआईएफएफ के उप महासचिव एम. सत्यनारायण ने कहा, हमारी ओर से इस लीग को एशिया की सर्वश्रेष्ठ फुटबॉल लीगों में शामिल करने की पूरी प्रतिबद्धता है।
नॉर्थईस्ट यूनाइटेड एफसी के सीईओ मंदार ताम्हाणे ने कहा, यह पूरी तरह ब्रॉडकास्ट आधारित मॉडल होगा। हम क्लब-आधारित मॉडल की ओर बढ़ रहे हैं क्योंकि क्लब और एआईएफएफ दोनों का मानना है कि दीर्घकालिक व्यावसायिक और वित्तीय स्थिरता के लिए यही सबसे उपयुक्त रास्ता है।
The AIFF and the Managing Committee of the ISL outlined a club-led commercial model for the Indian Super League today.
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— Indian Football (@IndianFootball) July 8, 2026
उन्होंने बताया कि क्लब जल्द ही ब्रॉडकास्ट पार्टनर चुनने के लिए रिक्वेस्ट फॉर प्रपोजल (आरएफपी) जारी करेंगे और प्रायोजकों के साथ भी काम करेंगे। साथ ही लीग का कैलेंडर फीफा और एएफसी प्रतियोगिताओं की विंडो को ध्यान में रखकर तैयार किया जाएगा।
आईएसएल 2026-27 सीजन की शुरुआत 4 सितंबर से होगी। पिछले संस्करण में ईस्ट बंगाल ने खिताब जीतकर चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया था। नए प्रारूप के साथ लीग के अधिक प्रतिस्पर्धी और व्यावसायिक रूप से मजबूत होने की उम्मीद जताई जा रही है।


