अलीगढ़ स्थित शेखा झील पक्षी अभयारण्य भारत का 99वां रामसर स्थल घोषित

( विवेक ओझा ): अलीगढ़ वैसे तो तालीम और तालों के लिए मशहूर है ही लेकिन यहां पर घूमने और मनोरंजन के लिए भी कई ऐसे स्थान हैं जो अपने आप में खास पहचान रखते हैं। इन्हीं में से एक है शेखा झील पक्षी विहार (Shekha Bird Sanctuary)
केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव ने उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ स्थित शेखा झील पक्षी अभयारण्य को रामसर स्थल घोषित करने की घोषणा की, जिससे भारत में ऐसे अभयारण्यों की कुल संख्या 99 और राज्य में 12 हो गई है। शेखा झील मध्य एशियाई फ्लाईवे पर एक महत्वपूर्ण पड़ाव है, जो सर्दियों के मौसम में हंस, पेंटेड स्टॉर्क और विभिन्न प्रकार की बत्तखों जैसे प्रवासी पक्षियों के लिए एक महत्वपूर्ण पर्यावास प्रदान करती है।
अलीगढ़ मुख्यालय से करीब 17 किलोमीटर दूर पनैठी-जलाली मार्ग पर शेखा झील है जो वर्ष 1852 में उस वक़्त अस्तित्व में आई जब अपर गंग नहर का निर्माण हुआ। ऐतिहासिक जानकार बताते हैं कि मुगल काल में कस्बा जलाली के निकट शेखा गांव में निजामुद्दीन शेख की शिकारगाह हुआ करती थी। वह अपने प्रतिनिधियों के साथ यहां शिकार के लिए आया करते थे। इसके अलावा जब देश के प्रसिद्ध वैज्ञानिक डॉ. सालीम अली जब अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी आए तो उन्होंने इस झील की खोज की और उनकी मांग पर ही भारत सरकार ने यहां कानून बनाकर शिकार करना प्रतिबंधित किया।
साल 2003 में इसको उत्तर प्रदेश की स्थानीय झील का दर्जा मिल गया वहीं 2016 में इस झील को राष्ट्रीय पक्षी विहार घोषित किया गया। शेखा झील पक्षी विहार को वैश्विक पहचान दिलाने के लिए रामसर साइट में शामिल किया गया है।
आपको बता दें कि हाल ही में प्रदेश की योगी सरकार ने ईको टूरिज्म (Ecotourism) को बढ़ावा देने के लिए One District One Destination (ODOD) कार्यक्रम का एलान किया है। इसमें अलीगढ़ जनपद से शेखा झील को भी शामिल किया है। इसलिए अब इसको पिकनिक स्पॉट के रूप में विकसित किया जाएगा और यहां पर्यटकों के लिए बुनियादी सुविधाओं के इंतजाम बेहतर किए जाएंगे।



