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पाकिस्तानी सैन्य प्रतिष्ठान पर बलूच की ड्रोन यूनिट ने बोला हमला, जानमाल का हुआ बड़ा नुकसान

बीआरजी का यह कदम बलूचिस्तान में ड्रोन युद्ध को लेकर बढ़ती प्रतिस्पर्धा को दर्शाता है। इससे पहले बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने भी इस साल फरवरी में 'कहर' (QAHR) नाम से अपनी ड्रोन यूनिट का गठन किया था और कई सैन्य ठिकानों पर हमलों की जिम्मेदारी ली है। पिछले कुछ महीनों में बलूच विद्रोहियों द्वारा पाकिस्तानी सुरक्षा बलों पर ड्रोन और मोर्टार हमलों की घटनाएं लगातार बढ़ी हैं, जिससे पाकिस्तानी सेना की चुनौतियां और बढ़ गई हैं।

Poonam Kumari
November 1, 2026
2 min read
पाकिस्तानी सैन्य प्रतिष्ठान पर बलूच की ड्रोन यूनिट ने बोला हमला, जानमाल का हुआ बड़ा नुकसान

विवेक ओझा/ क्वेटा: पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में बलूच अलगाववादी संगठन 'बलूच रिपब्लिकन गार्ड्स' (BRG) ने अपनी नई ड्रोन यूनिट के जरिए पाकिस्तानी सेना के एक बड़े सैन्य ठिकाने को निशाना बनाया है। संगठन ने शुक्रवार (30 अक्टूबर, 2026) को यह जानकारी दी।

'आमिर एयरो गार्डियंस' का गठन

बीआरजी के प्रवक्ता दोस्तैन बलूच के अनुसार, संगठन ने 'आमिर एयरो गार्डियंस' नाम से एक समर्पित ड्रोन यूनिट स्थापित की है, जिसे आधुनिक युद्ध की जरूरतों को पूरा करने के लिए बनाया गया है। उन्होंने दावा किया कि इस यूनिट के लड़ाकों ने 29 अक्टूबर की शाम को कछी जिले के सन्नी इलाके में स्थित मुख्य सैन्य शिविर में तैनात कर्मियों को निशाना बनाया।

कितना हुआ नुकसान?

दोस्तैन बलूच ने कहा कि इस हमले में पाकिस्तानी सेना को जानमाल का नुकसान हुआ है, हालांकि उन्होंने मृतकों या घायलों का कोई सटीक आंकड़ा जारी नहीं किया है। उन्होंने यह भी दावा किया कि यह ड्रोन यूनिट पाकिस्तानी सेना की गतिविधियों को ट्रैक कर सकती है और उन शिविरों पर भी अचानक हमला कर सकती है, जिन्हें सेना 'सुरक्षित' मानती है।

मनोवैज्ञानिक युद्ध की रणनीति

बीआरजी प्रवक्ता ने स्पष्ट किया कि उनकी यह यूनिट अपने अभियानों का दायरा बढ़ाएगी। इसका उद्देश्य केवल भौतिक नुकसान पहुंचाना नहीं, बल्कि पाकिस्तानी सेना को मनोवैज्ञानिक रूप से भी कमजोर करना है।

रेलवे ट्रैक पर भी विस्फोट

इसके अलावा, बीआरजी ने गुरुवार रात सिबी जिले के बख्तियारबाद के पास रेलवे ट्रैक पर हुए एक विस्फोट की जिम्मेदारी भी ली है। संगठन ने दावा किया कि उसके लड़ाकों ने ट्रैक पर विस्फोटक लगाकर उसे उड़ा दिया, जिससे रेलवे ट्रैक को भारी नुकसान पहुंचा है।

बलूच विद्रोहियों की बढ़ती ड्रोन क्षमता

बीआरजी का यह कदम बलूचिस्तान में ड्रोन युद्ध को लेकर बढ़ती प्रतिस्पर्धा को दर्शाता है। इससे पहले बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने भी इस साल फरवरी में 'कहर' (QAHR) नाम से अपनी ड्रोन यूनिट का गठन किया था और कई सैन्य ठिकानों पर हमलों की जिम्मेदारी ली है। पिछले कुछ महीनों में बलूच विद्रोहियों द्वारा पाकिस्तानी सुरक्षा बलों पर ड्रोन और मोर्टार हमलों की घटनाएं लगातार बढ़ी हैं, जिससे पाकिस्तानी सेना की चुनौतियां और बढ़ गई हैं।

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