आम आदमी को मिलेगी बड़ी आर्थिक राहत: स्वास्थ्य और जीवन बीमा प्रीमियम पर GST घटेगा, अधिसूचना का ड्राफ्ट तैयार

इंडियन व्यू टीम/ नई दिल्ली: बढ़ती महंगाई और चिकित्सा लागत के बीच मध्यम वर्ग के लिए एक बड़ी राहत की खबर सामने आ रही है। वस्तु एवं सेवा कर (GST) काउंसिल की सिफारिशों के अनुरूप, केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने स्वास्थ्य बीमा (Health Insurance) और जीवन बीमा (Life Insurance) के प्रीमियम पर लगने वाली जीएसटी दर को कम करने की प्रक्रिया तेज कर दी है। सूत्रों के मुताबिक, इन बीमा पॉलिसियों पर जीएसटी को मौजूदा 18 प्रतिशत से घटाकर 12 प्रतिशत करने वाली बहुप्रतीक्षित अधिसूचना का ड्राफ्ट (Draft Notification) पूरी तरह से तैयार कर लिया गया है और इसे अगले सप्ताह आधिकारिक तौर पर जारी किया जा सकता है।
पॉलिसीधारकों को होगा सीधा फायदा
वर्तमान कर व्यवस्था में, यदि कोई व्यक्ति अपने परिवार की सुरक्षा के लिए 25,000 रुपये का सालाना स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम चुकाता है, तो उसे 18% (4,500 रुपये) अलग से जीएसटी के रूप में देने पड़ते हैं। यह भारी टैक्स अक्सर निम्न और मध्यम आय वर्ग के लोगों को बीमा खरीदने से रोकता है। जीएसटी दर 12% होने पर यह टैक्स 3,000 रुपये रह जाएगा, जिससे पॉलिसीधारक के सीधे तौर पर 1,500 रुपये बचेंगे। जीवन बीमा पॉलिसियों के मामले में भी प्रीमियम का बोझ काफी हद तक कम हो जाएगा।
बीमा सेक्टर की लंबी मांग हुई पूरी
बीमा कंपनियों, वित्तीय जानकारों और आम नागरिकों द्वारा लंबे समय से यह मांग उठाई जा रही थी कि स्वास्थ्य और जीवन बीमा कोई विलासिता (Luxury) की वस्तु नहीं है, बल्कि आज के अनिश्चित समय में यह एक ‘बुनियादी जरूरत’ (Necessity) है। कोविड-19 महामारी ने लोगों को स्वास्थ्य बीमा के महत्व को समझाया है, लेकिन ऊंचे टैक्स के कारण इसका विस्तार (Penetration) भारत में वैश्विक औसत के मुकाबले काफी कम रहा है।
अर्थव्यवस्था पर सकारात्मक प्रभाव
विशेषज्ञों का मानना है कि इस कदम से बीमा सेक्टर में एक नई क्रांति आ सकती है। प्रीमियम सस्ता होने से करोड़ों नए लोग बीमा के दायरे में आएंगे। इससे न केवल परिवारों को गंभीर बीमारियों के समय आर्थिक सुरक्षा मिलेगी, बल्कि बीमा कंपनियों के पास आने वाले भारी फंड को इंफ्रास्ट्रक्चर और सरकारी बांड्स में निवेश किया जा सकेगा, जो देश की समग्र अर्थव्यवस्था (Economy) को गति प्रदान करेगा। वित्त मंत्रालय का यह कदम जनकल्याण की दिशा में एक बड़ा और सकारात्मक फैसला माना जा रहा है।



