भारत ने तंजानिया को दो टन जीवन रक्षक चिकित्सा सामग्री भेजी

भारत अपने मानवतावादी सहायता के लिए पूरे विश्व में जाना जाता है। खासकर अफ्रीकी देशों को समय-समय पर मदद देने में भारत आगे रहा है। अब भारत ने तंजानिया के दार-एस-सलाम के श्री हिंदू मंडल अस्पताल को दो टन जीवन रक्षक चिकित्सा सामग्री भेजी है। यह पूर्वी अफ्रीकी देश के साथ मानवीय सहयोग बढ़ाने और स्वास्थ्य सेवा में साझेदारी मजबूत करने की भारत की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
इसमें ऑक्सीजन कंसंट्रेटर, सक्शन यूनिट, ऑक्सीमीटर, माइक्रोस्कोप और स्टेथोस्कोप जैसे आवश्यक उपकरण, साथ ही इनहेलर, सिरिंज, दस्ताने, पट्टियाँ और व्हीलचेयर जैसी चिकित्सा सामग्री शामिल हैं। इन सामग्रियों से अस्पताल की निदान और उपचार क्षमता तथा रोगी देखभाल सेवाओं में सुधार होगा। यह सहायता स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में भारत-तंजानिया के निरंतर सहयोग और दीर्घकालिक राजनयिक तथा विकासात्मक गतिविधियों पर आधारित व्यापक द्विपक्षीय संबंधों पर आधारित है।
आपको बता दें कि भारत और तंजानिया के संबंध ऐतिहासिक रूप से घनिष्ठ, मैत्रीपूर्ण और बहुआयामी हैं, जो अक्टूबर 2023 में एक रणनीतिक साझेदारी (Strategic Partnership) में विकसित हो चुके हैं। भारत तंजानिया का तीसरा सबसे बड़ा व्यापारिक भागीदार और प्रमुख निवेशक है, जिसका द्विपक्षीय व्यापार 4.5 अरब डॉलर से अधिक है। रक्षा, शिक्षा (IIT कैंपस), कृषि और विकास परियोजनाओं में सहयोग दोनों देशों के मजबूत संबंधों का मुख्य आधार है। भारत, तंजानिया में शीर्ष 5 निवेशकों में से एक है। प्रमुख व्यापारिक क्षेत्रों में फार्मास्यूटिकल्स, मशीनरी, पेट्रोलियम उत्पाद और वाहन शामिल हैं। दोनों देश समुद्री सुरक्षा, सैन्य प्रशिक्षण, और रक्षा उद्योग में मिलकर काम कर रहे हैं। IIT मद्रास ने जांजीबार (तंजानिया) में अपना परिसर स्थापित किया है, जो अफ्रीका में पहला IIT कैंपस है। भारत तंजानिया को जल आपूर्ति और स्वास्थ्य जैसे विकास कार्यों के लिए रियायती ऋण सहायता प्रदान करता है। गौरतलब है कि तंजानिया में लगभग 60,000 भारतीय मूल के लोग रहते हैं, जो दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक कड़ी के रूप में काम करते हैं।



