अंडा उत्पादन में राज्यों की होड़: कौन आगे, कौन पीछे? टॉप 10 में नंबर 1 कौन

राघवेंद्र प्रताप सिंह: भारत में वर्ष 2023-24 के दौरान अंडा उत्पादन ने ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। राष्ट्रीय बागवानी बोर्ड (NHB), कृषि मंत्रालय और पशुपालन विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, देश का कुल अंडा उत्पादन बढ़कर 12,26,066.88 लाख अंडों तक पहुंच गया है। यह वृद्धि देश में पोषण सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है, क्योंकि अंडा प्रोटीन का सस्ता और सुलभ स्रोत है। अंडा उत्पादन में यह उछाल केवल खाने की उपलब्धता तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका सीधा असर ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर भी पड़ा है।
पोल्ट्री उद्योग से जुड़े लाखों किसान, श्रमिक और छोटे उद्यमी इससे लाभान्वित हुए हैं। पशुपालन क्षेत्र में तकनीकी सुधार, बेहतर नस्लों का उपयोग और सरकारी योजनाओं ने उत्पादन बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर इसी तरह नीतिगत समर्थन और बुनियादी ढांचे का विकास जारी रहा, तो आने वाले वर्षों में भारत अंडा उत्पादन के क्षेत्र में और भी मजबूत स्थिति हासिल कर सकता है।
आंध्र प्रदेश बना देश का सबसे बड़ा अंडा उत्पादक :
उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार आंध्र प्रदेश देश में अंडा उत्पादन के मामले में पहले स्थान पर रहा है। राज्य ने 2,54,874.48 लाख अंडों का उत्पादन किया, जो कुल राष्ट्रीय उत्पादन का 17.85 प्रतिशत है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक संगठित पोल्ट्री फार्मिंग, बेहतर नस्लें और मजबूत आपूर्ति सीरीज आंध्र प्रदेश की सफलता के प्रमुख कारण हैं।t



