इंजरी टाइम में सनाथोई का निर्णायक गोल, पंजाब एफसी ने दर्ज की रोमांचक जीत
पंजाब एफसी ने एक बार फिर अंतिम क्षणों में गोल करके जीत हासिल करने का अपना जुझारू अंदाज दिखाया।

गोवा : पंजाब एफसी ने एक बार फिर अंतिम क्षणों में गोल करके जीत हासिल करने का अपना जुझारू अंदाज दिखाया।
चर्चिल ब्रदर्स एफसी – 2 (सेबेस्टियन गुटिए रेज़ 37’, 45+2’)
पंजाब एफसी – 3 (राफेल मेसी बौली 13’, अल्फ्रेड प्लाना समोया 40’, कोंसमसना थोई सिंह 90+5’)
इंजरी टाइम के अंतिम मिनट में कोंसमसनाथोईसिंह के निर्णायक गोल की बदौलत शेरर्स ने रविवार, 25 अक्टूबर को पीजेएनफतोर्दास्टेडियम में खेले गए इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) 2026-27 सीज़न के 15वें मुकाबले में चर्चिल ब्रदर्स को 3-2 से हराकर पूरे तीन अंक अपने नाम किए।
राफेलमेसीबौली ने 13वें मिनट में पेनल्टी को गोल में बदलकर पंजाब एफसी को बढ़त दिलाई, लेकिन सेबेस्टियनगुटिएरेज़ ने 37वें मिनट में चर्चिलब्रदर्स के लिए बराबरी का गोल किया। इसके ठीक तीन मिनट बाद अल्फ्रेडप्लानासमोयानेशेरर्स को फिर से बढ़त दिला दी।
पिछले दो मुकाबलों में अंतिम क्षणों में जीत दर्ज करने के अपने सिलसिले को बरकरार रखते हुए पंजाब एफसी ने इंजरी टाइम के अंतिम मिनट में एक और गोल किया। इस बार सनाथोईसिंह ने निर्णायक गोल दागकर टीम की जीत सुनिश्चित की।
मुख्य कोच पावलोसडर्मिट्ज़ाकिस ने शुरुआती एकादश में तीन बदलाव किए। अल्फ्रेड प्लानासमोया ने विशाल यादव की जगह टीम में वापसी की, जबकि डिएगोरापोसो के चोटिल होने के कारण मैंगलेंथांगकिपगेन को सीज़न में पहली बार शुरुआती एकादश में मौका मिला।
वहीं, लैशरामरिशिकांतामीतेई के चोटिल होने के चलते बिशुशर्मा ने भी क्लब के लिए पहली बार शुरुआती एकादश में जगह बनाई और मिडफील्ड में उतरे। पंजाब एफसी ने दमदार शुरुआत की और 13वें मिनट में पेनल्टी के जरिए बढ़त हासिल कर ली।
गौरव बोरा ने पेनल्टी क्षेत्र के भीतर राफेल मेसीबौली को गिरा दिया, जिसके बादरेफरी ने पंजाब एफसी को पेनल्टी दी। बौली को मुहम्मद उवैस से छोटा पास मिला था और वह गेंद लेकर पेनल्टी क्षेत्र में घुसे ही थे कि डिफेंडर ने उन्हें गिरा दिया।
कैमरून के इस फॉरवर्ड ने खुद पेनल्टी लेने की जिम्मेदारी संभाली और गोलकीपर सयादबिनअब्दुलकादिर को छकाते हुए शांति से गेंद को गोल में पहुंचा दिया। सीज़न का यह उनका तीसरा गोल था।
गोल खाने के बाद चर्चिलब्रदर्स ने अच्छी प्रतिक्रिया दी और पंजाब एफसी पर दबाव बनाना शुरू किया। निकिलप्रभु ने अपने पेनल्टी क्षेत्र के भीतर दो बार गेंद को ठीक से क्लियर नहीं किया, लेकिन चर्चिलब्रदर्स के आक्रमणकारी खिलाड़ी इन मौकों का फायदा नहीं उठा सके।
वेडले के भी दोनों मौकों पर सही समय पर सही कदम नहीं उठा पाए। दूसरी ओर, प्लानास और किपगेन ने पेनल्टी क्षेत्र के बाहर से गोल करने के प्रयास किए, लेकिन गोलकीपर ने आसानी से दोनों शॉट रोक लिए।
मेजबान टीम ने 37वें मिनट में शानदार टीम मूव के जरिए बराबरी हासिल की। सेबेस्टियनगुटिएरेज़ के लंबे पास को वेडलेके ने छाती से नियंत्रित किया, जिसके बाद अनिल गांवकर ने पहली ही कोशिश में विंसीबैरेटो को पास दिया।
बैरेटोकालोक्रॉसनिकिलप्रभु से क्लियर नहीं हो पाया और गेंद गुटिएरेज़ तक पहुंच गई। कोलंबियाई खिलाड़ी ने नजदीकी पोस्ट पर गेंद को हल्के से गोल में पहुंचाकर स्कोर 1-1 कर दिया।
शेरर्स को दोबारा बढ़त हासिल करने में केवल तीन मिनट लगे। मेसीबौली ने पेनल्टी क्षेत्र के किनारे से शॉट लगाया, जो जोसेफओकोरो से टकराकर खतरनाक स्थिति में पहुंच गया।
अल्फ्रेड प्लाना समोया ने तेजी से प्रतिक्रिया देते हुए गेंद पर नियंत्रण बनाया और गोलकीपर सयादबिनअब्दुलकादिर के गेंद तक पहुंचने से पहले उसे गोल में धकेल दिया। इस गोल के साथ पंजाब एफसी ने 2-1 की बढ़त हासिल कर ली।
गोवा की टीम ने एक बार फिर वापसी करते हुए इंजरी टाइम के दूसरे मिनट में स्कोर बराबर कर दिया। विंसीबैरेटो ने वेडलेके के रास्ते में गेंद खेली। लेके ऑफ साइड से बचते हुए आगे बढ़े और शॉट लगाया, जिसे अर्शदीप सिंह ने रोक तो लिया, लेकिन गेंद उनके हाथों से छिटककर सेबेस्टियनगुटिएरेज़ के पास पहुंच गई।
गुटिएरेज़ ने खाली गोल में गेंद डालकर मैच का अपना दूसरा गोल किया और हाफ टाइम तक स्कोर 2-2 कर दिया।
दूसरे हाफ की शुरुआत में डर्मिट्ज़ाकिस ने मुहम्मद सुहैल की जगह कोंसमसनाथोईसिंह को मैदान पर उतारा और उन्हें बाएं विंग पर जिम्मेदारी दी। वहीं, चर्चिलब्रदर्स के मुख्य कोच दिमित्रिसदिमित्रियोउ ने भी ब्रेक के कुछ ही देर बाद दो बदलाव किए। उन्होंने पंजाब एफसी के पूर्व डिफेंडर मेलरॉयअसिसी और नाइजीरियाई स्ट्राइकर जॉनओकोली को मैदान पर भेजा।
मुकाबला तेज गति से आगे बढ़ा और दोनों टीमें बढ़त हासिल करने के लिए लगातार प्रयास करती रहीं, लेकिन कोई भी टीम गोल करने का स्पष्ट मौका नहीं बना सकी। एक घंटे का खेल पूरा होने के बाद मैच की रफ्तार कुछ धीमी पड़ गई और अधिकतर खेल मिडफील्ड तक सीमित रहा। दोनों टीमों के डिफेंडर अपने-अपने हाफ में पास के जरिए गेंद को आगे बढ़ाते रहे।
हाइड्रेशन ब्रेक से ठीक पहले मेजबान टीम ने दूसरे हाफ का अपना सबसे अच्छा मौका बनाया। पंजाब एफसी के एकसेट-पीस के बाद चर्चिलब्रदर्स ने तेजी से जवाबी हमला किया। मेसीबौली ने गेंद खैमिंगथांगलुंगडिम की ओर बढ़ाई, लेकिन डिफेंडर पास तक नहीं पहुंच सके और स्टेंडलीफर्नांडिस ने ढीली गेंद पर कब्जा कर लिया।
सब्स्टीट्यूट खिलाड़ी ने पेनल्टी क्षेत्र के किनारे तक शानदार दौड़ लगाई और सही समय पर वेडलेके को पास दिया। दक्षिण अफ्रीकी खिलाड़ी ने गेंद को नियंत्रित कर दाएं पैर से जोरदार शॉट लगाया, लेकिन अर्शदीपसिंह ने बेहतरीन बचाव करते हुए गेंद रोक दी। इसके बाद रिकीशाबोंग ने खतरे को टाल दिया।
दूसरी ओर, मिडफील्ड से पास मिलने के बाद सनाथोईसिंह ने पेनल्टी क्षेत्र में जगह बनाई, लेकिन उनका शॉट सीधे गोलकीपर के हाथों में चला गया। पंजाबएफसी के युवा खिलाड़ियों ने चर्चिलब्रदर्स के हाफ में अपनी प्रतिभा और ऊर्जा का प्रदर्शन किया, लेकिन अंतिम तिहाई में सटीकता की कमी के कारण वे गोल के स्पष्ट मौके बनाने में नाकाम रहे।
पंजाबएफसी ने एक बार फिर मुकाबले के अंतिम क्षणों में गोल करके जीत अपने नाम की। इंजरी टाइम के अंतिम मिनट में गुरकीरतसिंह ने लंबे पास पर पहला हेडर जीता, जिसके बाद मेसीबौली ने गेंद को अपनी छाती से शानदार तरीके से नियंत्रित किया।
स्ट्राइकर ने दो डिफेंडरों को छकाते हुए सनाथोईसिंह को सही समय पर पास दिया। 19 वर्षीय सनाथोई ने बेहतरीन संयम दिखाया और डिफेंडर की चुनौती तथा आगे बढ़ते गोलकीपर के बावजूद शानदार फिनिश के साथ गेंद को गोल में पहुंचा दिया। इस निर्णायक गोल ने पंजाब एफसी को 3-2 की यादगार जीत दिलाई और टीम के खाते में तीन महत्वपूर्ण अंक जोड़ दिए।
सम्बंधित ख़बरें
राज गार्डन की जीत में अनिल लाल ने जड़ा अर्धशतक, गेंदबाज भी चमके
मैन ऑफ द मैच अनिल लाल (55) की अगुवाई में बल्लेबाजों के शानदार प्रदर्शन के बाद धारदार गेंदबाजी की बदौलत राज गार्डन ने पांचवीं अधीर दुबे (पूर्व एमएलसी) मेमोरियल टी-20 क्रिकेट टूर्नामेंट के दूसरे मैच में सीवीसीएल को 47 रन से शिकस्त दी।
हॉकी इंडिया के महानिदेशक कमांडर आरके श्रीवास्तव एफआईएच ऑर्डर ऑफ मेरिट से सम्मानित
लखनऊ। हॉकी इंडिया के महानिदेशक लखनऊ के कमांडर आरके श्रीवास्तव को कतर की राजधानी दोहा में आयोजित अंतरराष्ट्रीय हॉकी महासंघ (एफआईएच) की 50वीं कांग्रेस में प्रतिष्ठित एफआईएच ऑर्डर ऑफ मेरिट से सम्मानित किया गया।
पहला गेम जीतने के बाद भी हारीं सिंधु, एन से-यंग ने पलटा फाइनल का पासा
दो बार की ओलंपिक पदक विजेता भारतीय बैडमिंटन स्टार पीवी सिंधु को बीडब्ल्यूएफ फ्रेंच ओपन 2026 के फाइनल में निराशा हाथ लगी। शानदार शुरुआत के बावजूद सिंधु खिताब अपने नाम नहीं कर सकीं।
विश्व कुश्ती चैंपियनशिप: ललित की पदक की आस खत्म, नितेश समेत तीन भारतीय भी हारे
भारत के ललित को रविवार को कांस्य पदक मुकाबले में एकतरफा हार मिली, जिससे वह ग्रीको-रोमन विश्व कुश्ती चैंपियनशिप में पदक जीतने का मौका गंवा बैठे जबकि उनके तीन अन्य साथी पहलवान भी पहले दौर में ही बाहर हो गए।
