साप्ताहिक समीक्षा- जोरदार उतार -चढ़ाव के बीच मामूली गिरावट के साथ बंद हुआ शेयर बाजार

नई दिल्ली : पश्चिम एशिया में जारी जंग की वजह से पिछले सप्ताह के कारोबार में घरेलू शेयर बाजार जोरदार उतार-चढ़ाव का गवाह बना। इस सप्ताह के पांच कारोबारी दिन में से चार दिन खरीदारी का जोर बना रहा, वहीं सिर्फ एक कारोबारी दिन बिकवाली की आंधी ने बाजार को पूरी तरह से झकझोर दिया। सिर्फ इस एक दिन की बिकवाली की वजह से सेंसेक्स और निफ्टी दोनों सूचकांक साप्ताहिक आधार पर मामूली गिरावट के साथ बंद हुए।
सोमवार से लेकर बुधवार तक घरेलू शेयर बाजार मजबूती के साथ कारोबार करता रहा। इन तीन दिनों में सेंसेक्स 2,140.21 अंक उछल गया, वहीं निफ्टी 626.70 अंक की छलांग लगाने में सफल रहा। इसके बाद गुरुवार को चौतरफा बिकवाली शुरू हो जाने पर सेंसेक्स एक ही दिन में 2,496.89 अंक टूट कर बंद हुआ। इसी तरह निफ्टी 775.65 अंक की बड़ी गिरावट के साथ बंद हुआ।
सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन एक बार फिर बाजार में तेजी का रुख बना, लेकिन दूसरे सत्र में मुनाफा वसूली शुरू हो जाने के कारण सेंसेक्स और निफ्टी दोनों सूचकांक सीमित बढ़त के साथ बंद हुए। इस उतार-चढ़ाव की वजह से पूरे सप्ताह के कारोबार के बाद बीएसई का सेंसेक्स 30.96 अंक यानी 0.04 प्रतिशत की गिरावट के साथ 74,532.96 अंक के स्तर पर बंद हुआ। इसी तरह निफ्टी ने साप्ताहिक आधार पर 36.60 अंक यानी 0.15 प्रतिशत की गिरावट के साथ 23,114.50 अंक के स्तर पर पिछले सप्ताह के कारोबार का अंत किया।
सोमवार से शुक्रवार के कारोबार के दौरान बीएसई का लार्जकैप इंडेक्स साप्ताहिक आधार पर 0.32 प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुआ। इस इंडेक्स में शामिल भारत पेट्रोलियम कॉरपोरेशन, सोलर इंडस्ट्रीज इंडिया, आईडीबीआई बैंक, इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन, मैनकाइंड फार्मा, लोढ़ा डेवलपर्स, हिंदुस्तान जिंक और श्रीराम फाइनेंस के शेयर टॉप लूजर्स की सूची में शामिल हुए। दूसरी ओर, टाटा स्टील, जेएसडब्ल्यू स्टील, वारी एनर्जीज, लेंसकार्ट सॉल्यूशंस, मीशो, टीवीएस मोटर कंपनी और एटरनल के शेयर टॉप गेनर्स की सूची में शामिल हुए।
शुक्रवार को खत्म हुए कारोबारी सप्ताह में बीएसई का मिडकैप इंडेक्स साप्ताहिक आधार पर 0.02 प्रतिशत की मामूली कमजोरी के साथ बंद हुआ। इस इंडेक्स में शामिल ब्रेन बीज सॉल्यूशंस, प्रीमियर एनर्जीज, वन 97 कम्युनिकेशंस (पेटीएम), एडब्ल्यूएल एग्री बिजनेस, लॉयड मेटल एंड एनर्जी, भारती हेक्साकॉम और स्कैफलर इंडिया के शेयर साप्ताहिक आधार पर 7 से लेकर 12 प्रतिशत की मजबूती के साथ बंद होने में सफल रहे। दूसरी ओर, बंधन बैंक, प्रॉक्टर एंड गैंबल हाइजीन एंड हेल्थ केयर, हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉरपोरेशन, पेट्रोनेट एलएनजी, कंसाई नैरोलैक पेंट्स और एजीस वोपैक टर्मिनल्स के शेयर साप्ताहिक आधार पर 7 से लेकर 10 प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुए।
20 मार्च को खत्म हुआ कारोबारी सप्ताह के बाद बीएसई का स्मॉलकैप इंडेक्स 0.01 प्रतिशत की सांकेतिक मजबूती के साथ बंद होने में सफल रहा। इस इंडेक्स में शामिल वेबसोल एनर्जी सिस्टम, गुजरात अल्कलाइज एंड केमिकल्स, वेलिएंट ऑर्गेनिक्स, बोडल केमिकल्स, दीप इंडस्ट्रीज, नेटवर्क पीपुल सर्विसेज टेक्नोलॉजीज, निटको, शैली इंजीनियरिंग प्लास्टिक्स, ऑलेक्ट्रा ग्रीनटेक और उत्तम शुगर मिल्स के शेयर 20 से 21 प्रतिशत तक की साप्ताहिक बढ़त के साथ बंद हुए।
दूसरी ओर, टीटीके प्रेस्टीज, इकॉज इंडिया मोबिलिटी एंड हॉस्पिटैलिटी, एक्विलॉल नेक्सस, साधना नाइट्रोकेम, राजेश एक्सपोर्ट्स, कैमलिन फाइन साइंसेज, वीएल ई-गवर्नेंस एंड आईटी सॉल्यूशंस, स्पाइस जेट, हिंदुस्तान ऑयल एक्सप्लोरेशन कंपनी, फाइनो पेमेंट्स बैंक, फिलेटेक्स फैशंस, एस्टेक लाइफ साइंसेज,डीईई डेवलपमेंट इंजीनियर्स, डिश टीवी इंडिया, एवरेस्ट इंडस्ट्रीज और शिवालिक रसायन के शेयर 10 से 20 प्रतिशत तक की साप्ताहिक गिरावट के साथ बंद हुए।
पिछले सप्ताह के कारोबार में स्टॉक मार्केट का सेक्टोरल परफॉर्मेंस मिला-जुला रहा। इस सप्ताह के कारोबार में निफ्टी का प्राइवेट बैंक इंडेक्स, एफएमसीजी, फार्मास्यूटिकल, हेल्थकेयर, रियल्टी, डिफेंस और ऑयल एंड गैस इंडेक्स में साप्ताहिक आधार पर एक प्रतिशत से लेकर 2.4 प्रतिशत तक की गिरावट दर्ज की गई। दूसरी ओर, निफ्टी का पीएसयू बैंक इंडेक्स, ऑटो इंडेक्स, मेटल इंडेक्स और आईटी इंडेक्स 0.40 प्रतिशत से लेकर दो प्रतिशत तक की साप्ताहिक मजबूती के साथ बंद होने में सफल रहे।
16 से 20 मार्च तक के कारोबारी सप्ताह के दौरान विदेशी संस्थागत निवेशक (एफआईआई) लगातार पांचवें सप्ताह शुद्ध बिकवाल (नेट सेलर) बने रहे। इस सप्ताह के पांच कारोबारी दिन के दौरान विदेशी संस्थागत निवेशकों ने शेयर बाजार में 29,897.67 करोड़ रुपये की बिकवाली की। दूसरी ओर, घरेलू शेयर बाजार को सहारा देने के लिए घरेलू संस्थागत निवेशकों (डीआईआई) ने पूरे सप्ताह के कारोबार के दौरान 30,641.90 करोड़ रुपये के शेयरों की खरीदारी की।
पिछले सप्ताह के कारोबार में भारतीय मुद्रा रुपये की बात करें, तो डॉलर के मुकाबले रुपये की कीमत में लगातार तीसरे हफ्ते गिरावट जारी रही। लगातार बढ़ते जियो पॉलिटिकल टेंशन के कारण सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार को भारतीय मुद्रा एक दिन में ही 1.13 रुपये की कमजोरी के साथ अभी तक के सबसे निचले स्तर 93.76 रुपये प्रति डॉलर तक गिर गई। हालांकि इसके बाद रुपये की स्थिति में मामूली सुधार हुआ, जिसके कारण भारतीय मुद्रा रिकॉर्ड लो क्लोजिंग का नया रिकॉर्ड बनाते हुए 93.70 रुपये प्रति डॉलर के स्तर पर बंद हुई।



