सरकार को तानाशाही छोड़कर लोकतंत्र के तहत काम करना चाहिए : स्वामी प्रसाद मौर्य

लखनऊ: उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री और अपनी जनता पार्टी (AJP) के अध्यक्ष स्वामी प्रसाद मौर्य ने योगी सरकार पर निशाना साधते हुए शुक्रवार को कहा कि सरकार को तानाशाही छोड़कर लोकतंत्र के तहत काम करना चाहिए।
श्री मौर्य ने गोमतीनगर स्थित आवास पर पत्रकारों से बातचीत में यह बातें कहीं। मौर्य ने कहा कि भाजपा सरकार कोई भी जन विरोधी फैसला लेती है तो अपनी जनता पार्टी सड़कों पर संघर्ष के माध्यम से बैकफुट पर लाने की पूरी ताकत रखती है।
उन्होंने कहा कि सरकार जनता के हितो के लिए बनती है। जन कल्याणकारी योजनाओं के लिए योजनाएं बनानी चाहिए। डबल इंजन की सरकार कहीं की हो हर जगह और आलोकतांत्रिक और आसंवैधानिक रास्ता अपनाती है लोकतंत्र को दबाने कोशिश करती हैं।
श्री मौर्य ने कहा कि दिल्ली में जिस तरह से छात्रों पर अत्याचार किया जाता है । परीक्षाओं में अनिमितताये देखने को मिल रही हैं। छात्रों ने जन आंदोलन के माध्यम से अपनी आवाज केंद्र सरकार को पहुंचने की कोशिश की है।
पूर्व मंत्री मौर्य ने कहा कि संवेदनशीलता से समस्या को निपटने की बजाय लाठीचार्ज किया गया। थाने पर रात में बैठाया गया। सरकार की जिम्मेदारी है छात्रों की समस्याओं को गंभीरता से लेकर समय रहते उनको निस्तारण करे।
उन्होंने कहा कि सभी स्कूल 1 किलोमीटर के अंदर नहीं है क्योंकि जो मानक है वो एक किलोमीटर के बाहर का है।
एक सवाल के जवाब में मौर्य ने कहा कि अगर भगवा आतंक नहीं है तो कौन सा आतंक है इस देश में आतंकवादी भगवा हो या अन्य आतंकवादी आतंकवादी होता है।
रवि किशन पर बोलते हुए मौर्य ने कहा कि अगर राजनीति में रगड़ घिस कर के आए होते तो शायद जमीनी मुद्दों पे बात करते हैं जमीनी मुद्दा उठाते हवा हवाई की तरह राजनीति में आए हैं।
मौर्य ने कहा कि पूरी भाजपा सरकार अराजकता के रास्ते पर चल रही है जनहित का कोई कार्य नहीं करती। योगी सरकार जनहित की मुद्दों की अनदेखी कर रही है। सरकार हवा हवाई बयानबाज़ी से बाहर आए। उत्तर प्रदेश की जो संवेदनशील मुद्दे हैं जनहित के मुद्दे हैं उस पर विचार करें और समस्या का निस्तारण करें
मौर्य ने कहा कि अपनी जनता पार्टी में स्कूल मर्जर को लेकर के अपने आंदोलन को खत्म नहीं किया है अपनी जनता पार्टी अगर सरकार कोई कूटनीति के तहत कुछ गलत करेंगी तो उसका विरोध करेगी।



