सोर्ड मारिन दूसरी बार बने भारतीय महिला हॉकी टीम के मुख्य कोच
नीदरलैंड के सोर्ड मारिन को दोबारा से भारतीय महिला हॉकी टीम के मुख्य कोच नियुक्त किया गया। वह दूसरी बार यह पद संभालेंगे। इससे पहले उनके कोच रहते हुए भारतीय महिला टीम टोक्यो ओलंपिक खेलों में चौथे स्थान पर थी।
नीदरलैंड के पूर्व हॉकी खिलाड़ी 51 वर्षीय मारिन 2017 से 2021 तक भारतीय महिला टीम से जुड़े रहे। उनकी टीम में मटियास विला भी शामिल होंगे जिन्हें विश्लेषणात्मक कोच बनाया है।
अर्जेंटीना के पूर्व मिडफील्डर विला ने 1997 में अंतरराष्ट्रीय हॉकी में पदार्पण किया था। उन्होंने 2000 में सिडनी ओलंपिक और 2004 में एथेंस ओलंपिक में अपने देश का प्रतिनिधित्व किया। वह दो दशकों से अधिक समय से कोचिंग से जुड़े हुए हैं।
भारतीय हॉकी टीम में वेन लोम्बार्ड की भी वापसी हो रही है, जो वैज्ञानिक सलाहकार और खेल प्रदर्शन प्रमुख के रूप में कार्य करेंगे। उन्हें इसमें रोडेट इला और सियारा इला का सहयोग मिलेगा जिन्हें वैज्ञानिक सलाहकार बनाया है।

मारिन ने हॉकी इंडिया की एक विज्ञप्ति में कहा, ‘‘भारत वापस आकर बहुत अच्छा लग रहा है। मैं साढ़े चार साल बाद नयी ऊर्जा और स्पष्ट दृष्टिकोण के साथ इस पद पर लौटा हूं ताकि टीम को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान दे सकूं और खिलाड़ियों को विश्व स्तर पर अपनी पूरी क्षमता से प्रदर्शन करने में मदद कर सकूं।’’
मारिन के पिछले कार्यकाल में भारत विश्व रैंकिंग के शीर्ष 10 में था। मुख्य कोच के रूप में मारिन की पहली बड़ी चुनौती आठ से 14 मार्च तक हैदराबाद में होने वाला महिला विश्व कप क्वालीफायर टूर्नामेंट होगा।
मारिन 14 जनवरी को भारत आएंगे, जबकि राष्ट्रीय कोचिंग शिविर भारतीय खेल प्राधिकरण के बेंगलुरु स्थित परिसर में 19 जनवरी को शुरू होगा। हॉकी इंडिया अध्यक्ष दिलीप टिर्की ने कहा, ‘‘हम सोर्ड मारिन और पूरे सहायक स्टाफ का भारतीय हॉकी परिवार में स्वागत करते हैं।
It’s great to be back. After 4.5 years, I return with fresh energy and a clear vision to support the team’s growth and help the players achieve their full potential on the world stage. @TheHockeyIndia @sports_odisha pic.twitter.com/S2DQrsUIkj
— Sjoerd Marijne (@SjoerdMarijne) January 2, 2026
हम खेल मंत्रालय और भारतीय खेल प्राधिकरण के प्रति अपना आभार व्यक्त करते हैं जिन्होंने आगामी विश्व कप क्वालीफायर को ध्यान में रखते हुए नियुक्ति प्रक्रिया को शीघ्रता से पूरा किया।’’
उन्होंने कहा, ‘‘टीम की फिटनेस पर विशेष जोर दिया गया है, जो तोक्यो में भारतीय महिला टीम के ऐतिहासिक प्रदर्शन के प्रमुख कारणों में से एक था। हमें टीम से अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद है।’’



