17 दिसंबर का अजीब संयोग: 24 साल बाद फिर कोहरे की भेंट चढ़ा मैच
लखनऊ में भारत बनाम साउथ अफ्रीका चौथा टी20 खेला जाना था, लेकिन ये मुकाबला आयोजित नहीं हुआ।
आमतौर पर बारिश, आंधी-तूफान और सुरक्षा कारणों की वजह से मैच बीच में रुक जाते हैं या फिर रद्द कर दीजिए जाते हैं, लेकिन भारत बनाम साउथ अफ्रीका टी20 कोहरे के कारण रद्द करना पड़ा।
आप सोच रहे होंगे कि पहली बार कोई इंटरनेशनल मैच कोहरे के कारण कैंसिल किया गया है, लेकिन असल में ऐसा नहीं है। पहले भी एक अंतरराष्ट्रीय मैच कोहरे की भेंट चढ़ चुका है।
दरअसल, लखनऊ में बुधवार 17 दिसंबर को घना कोहरा था, धुंध भी थी और एक्यूआई यानी एयर क्वालिटी इंडेक्स 400 के पार था। धुंध और इतने एक्यूआई में मैच खेला जा सकता था, लेकिन कोहरे ने मैच को शुरू ही नहीं होने दिया।
व्हाइट बॉल क्रिकेट के इतिहास में पहली बार था, जब कोई मैच डेंस फॉग की वजह से कैंसिल किया गया। हालांकि, 1998 में एक टेस्ट मैच कोहरे की वजह से पूरा नहीं हुआ था। ये मुकाबला पाकिस्तान के फैसलाबाद में पाकिस्तान और जिम्बाब्वे के बीच खेला गया था।
गजब की बात ये है कि उस दिन भी तारीफ 17 दिसंबर ही थी। पाकिस्तान और जिम्बाब्वे के बीच 17 दिसंबर 1998 से तीन मैचों की टेस्ट सीरीज का तीसरा मुकाबला खेला जाना था।
इस मुकाबले के पहले दिन से ही घना कोहरा छाया रहा, विजिबिलिटी इतनी कम हो गई कि दूसरे दिन की अगली सुबह ज्यादातर खिलाड़ी मैदान से दूर रहे। चौथे दिन आते-आते अंपायरों ने मैच को पूरी तरह से रद्द करने का फैसला कर दिया था।
इंडिया और साउथ अफ्रीका के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज के चौथे मुकाबले में टॉस साढ़े 6 बजे होना था, लेकिन घना कोहरा तब तक स्टेडियम में दस्तक दे चुका था। धुंध भी थी। मैच अंपायर और अधिकारियों ने टॉस को डिले किया। सात बजे अगले इंस्पेक्शन की घोषणा की गई।
हालांकि, हालात नहीं सुधरे। हर आधे घंटे पर इंस्पेक्शन होने लगा, लेकिन अंपायर जाते और निराश होकर फिर से मैदान से बाहर चले जाते। आखिरकार 9 बजकर 25 मिनट पर मैच को आधिकारिक तौर पर रद्द कर दिया गया।



