छवि धूमिल करने का आरोप: सौरव गांगुली ने मेस्सी विवाद में ठोका 50 करोड़ का मानहानि केस
पूर्व भारतीय कप्तान सौरव गांगुली ने लियोनेल मेस्सी विवाद के मामले में एक फैन क्लब के अधिकारी के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया है।
गांगुली ने आरोप लगाया है कि उन्होंने अपने नाम को ‘झूठे’ तरीके से घसीटा और उनके बारे में अपमानजनक सार्वजनिक बयान दिए। इसके चलते उन्होंने कोलकाता स्थित ‘अर्जेंटीना फुटबॉल फैन क्लब’ के अधिकारी उत्तम साहा पर 50 करोड़ रुपये की मानहानि का मुकदमा दायर किया है।
क्रिकेटर से खेल प्रशासक बने गांगुली ने गुरुवार को इस फैन क्लब अधिकारी के खिलाफ पुलिस में भी शिकायत दर्ज कराई थी। गांगुली ने एक समाचार एजेंसी को बताया, “मैंने पुलिस में शिकायत के अलावा फुटबॉल प्रशंसक क्लब के इस अधिकारी को 50 करोड़ रुपये का कानूनी नोटिस भेजा है। वह जो मन में आता है, वह कहते रहते हैं।”
साहा ने एक पत्रकार से बातचीत में गांगुली पर मेस्सी के ‘जीओएटी इंडिया टूर’ का मुख्य आयोजक होने का आरोप लगाया था। उन्होंने दावा किया था कि गिरफ्तार मुख्य आयोजक सतद्रु दत्ता केवल एक मोहरा हैं।
कोलकाता पुलिस के साइबर सेल को भेजे गए अपने ईमेल शिकायत में गांगुली ने कहा कि साहा के बयानों ने उनकी प्रतिष्ठा और मानसिक शांति को प्रभावित किया है।
गांगुली ने अपने ईमेल में यह भी कहा कि अपने कई दशकों के पेशेवर करियर में उन्होंने देश और दुनिया भर में एक खिलाड़ी और खेल प्रशासक के रूप में ख्याति अर्जित की है, और ये ‘बेबुनियाद’ बयान उनकी इस छवि को धूमिल करने के उद्देश्य से दिए गए हैं।
गांगुली को 13 दिसंबर को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और अन्य गणमान्य व्यक्तियों के साथ अर्जेंटीना के दिग्गज फुटबॉल खिलाड़ी मेस्सी और उनके दल को सम्मानित करने के लिए मंच पर उपस्थित होना था।
लेकिन मेस्सी के स्टेडियम से समय से पहले चले जाने और साल्ट लेक स्टेडियम में दर्शकों द्वारा मचाई गई व्यापक हिंसा के कारण कार्यक्रम रद्द कर दिया गया।



